देश मेरा रंगीला
देश मेरा रंगीला ......... ‘’ सर जो तेरा चकराये और दिल डूबा जाए , आजा प्यारे , पास हमारे , काहे घबराए काहे घबराए . ‘’ प्यासा फ़िल्म का रफ़ी साहब का गाया और जानी वाकर पर फ़िल्माया ये मशहूर गीत आपने सुना होगा . जानी वाकर जैसे दिखते एक शख़्स अपने शहर के ओवेरब्रिज के नीचे निर्माणाधीन बड़ी रेलवे लाइन के पास काफ़ी दिनो से एक साइकिल पर अपनी दुकान सजाए दिन भर बैठे मिल जाएँगे . एक छोटा स्पीकर . बजता रहता है . “ आइए जनाब लीजिये कल्याण दंत मँजन एक बार दाँत पर रगड़िए दाँत मोतियों से चमक जाएँगे . पायरिया हो , मुँह की बदबू से परेशान हों , छुटकारा पाइए . कल्याण दंत मँजन . दाँत में दर्द हो , मसूड़ों में सूजन हो . कल्याण दंत मँजन . एक बार ले जाइए बार बार ले जाएँगे . कल्याण दंत मंजन .” हालाँकि जनाबके ख़ुद के मुँह में हैं गिनती केदाँत वो भी काले . जो बामुश्किल दिख रहे थे . ...